अब डिग्री कोर्स के जरिए नेता तैयार करेगा संघ

जनता की डिग्री लेकर नेता बनने की परंपरा अब धीरे—धीरे भगवा परिवार में कम हो जाएगी। संघ अब डिग्री कोर्स के जरिए नेता तैयार करेगा। मुंबई स्थित संघ की संस्था रामभाउ महालगी प्रबोधनी के जरिए नेताओं के लिए नौ माह के डि​ग्री कोर्स की शुरूआत की जा रही है। इंडियन इंस्टीटयूट ऑफ डेमोक्रेटीक लिडरशीप के…

करियर : अब 9 महीने में नेतागिरी के गुण सिख बने नेता

रामभाऊ म्हालगी प्रबोधिनी संस्थान की स्थापना 1982 में की गई थी। राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (आर.एस.एस.) की विचारधारा से जुड़े इस संस्थान की स्थापना करने वाले प्रमुख लोगों में पूर्व केंद्रीय मंत्री स्व. प्रमोद महाजन, वरिष्ठ भाजपा नेता स्व. गोपीनाथ मुंडे, महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री देवेंद्र फडऩवीज, बाल आप्टे, डा. विनय सहस्रबुद्धे, रवींद्र साठे और उमेश मोरे…

Javadekar launches first Post-Graduate programmeme in Leadership, Politics and Governance

New Delhi, May17 (UNI) Human Resource Development Minister Prakash Javadekar today called on the “good people” to take part in politics, as political decisions ultimately affect lives and society. Speaking at the launch of India’s first Post-Graduate programmeme in Leadership, Politics and Governance, Mr Javadekar said, “politics is the most misinterpreted and misunderstood’ profession.’’ ELETSONLINE…

Politics most misunderstood profession: Javadekar

Human Resources Development Minister Prakash Javadekar believes that politics is the most “misunderstood and under-rated ” profession. “But politics decides every thing—from the way our birth is registered to the way our death certificate is issued. People are dependent on policies and decisions taken by politicians. Therefore, good people should join politics,” the minister reasoned.…

देश में खुलने जा रही हैं राजनीतिक पाठशाला, चाहिए यह योग्यता

देश में अब नेता बनाने के लिए पढ़ाई कराई जाएगी। इसके लिए रामभाऊ म्हालगी प्रबोधिनी ने पोस्ट ग्रेजुएट डिप्लोमा कोर्स शुरू करने का ऐलान किया है। नौ माह के इस कोर्स की फीस ढाई लाख रुपये होगी। इसके लिए न्यूनतम योग्यता स्नातक होगी। पहले बैच में 40 सीटें होंगी। LIVE HINDUSTAN READ MORE

राजकारणात चांगले लोक आल्याशिवाय पोकळी कशी भरून निघेल?

राजकारणाबद्दल समाजात अनेक गैरसमज आहेत. ज्याला काही येत नाही तो राजकारणात नेता होतो आणि देशात व राज्यात जे काही वाईट घडते, त्याला नेतेच जबाबदार आहेत, असे अनेकांना वाटते. प्रत्यक्षात जनतेचे जीवनमान ज्या व्यवस्थेवर अवलंबून आहे ती लोकशाही व्यवस्था राजकारणाशीच संलग्न आहे. LOKMAT READ MORE

संघ का सियासी स्कूल: मोदी जैसा नेता बनाने की गारंटी, 9 महीने का कोर्स

आरएसएस ने देश को कई बड़े नेता दिए हैं. पूर्व प्रधानमंत्री अटल बिहारी वाजपेयी से लेकर वर्तमान प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने भी संघ की पाठशाला से ही राजनीति के गुर सीखे हैं. इन नेताओं की सफलता के बाद अब आरएसएस एक ऐसा स्कूल खोलने जा रहा है जहां नेता बनाए जाएंगे. संघ की संस्था रामभाऊ…